शुक्रवार, 29 जुलाई 2016

स्वरचित अन्तरा - फिल्म -समझौता


स्वरचित अन्तरा - फिल्म -समझौता 

हार मिलेगी, जीत मिलेगी 
कभी नफ़रत तो, कभी प्रीत मिलेगी 
अलग अलग है रीत यहाँ 
अलग ही, रीत मिलेगी -२     -प्रेम फ़र्रुखाबादी 

समझौता ग़मों से कर लो 
जिंदगी में गम भी मिलते हैं.

स्वरचित अन्तरा - फिल्म -समझौता 

नफ़रत  से नफरत को, भगा न सका कोई 
इस सच को झूठ यहाँ, बता न सका कोई 
हम प्यार से-३  प्यार जगाये हैं,             -प्रेम फ़र्रुखाबादी 
प्यार का तोहफा लाये हैं 
बड़ी दूर से आये हैं, प्यार का तोहफा लाये हैं. 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें