गुरुवार, 9 जून 2011

ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी


ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी
चलके दिखाये चलना सिखाये
जीवन में आगे बढ़ना सिखाये
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी

अपने लिए कभी, जीती नहीं है
ऐसी कोई इसकी, नीती नहीं है
पर सेवा में सारा, जीवन बिताये। 

ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी

गाँव हो या फिर, शहर हो भले
चाहे कोई भी फिर, पहर हो भले
हर साथी को ये, मंजिल पहुँचाये।
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी


अपनी धुन में सदा, मस्त रहती
मस्ती में ही
रहो, हर वक्त कहती
मस्ती में ये मस्त, सीटी बजाये
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी
ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी


भेद किसी से कभी, करती नहीं
प्रीती करती नफरत, करती नहीं
जो भी बैठे उसको, दिल में बिठाये

ये रेलगाड़ी, ये रेलगाड़ी
ये रेलगाड़ी, ये
रेलगाड़ी




सोमवार, 6 जून 2011

वो बहुत दूर हैं मगर फिर भी दिल के पास हैं



वो बहुत दूर हैं मगर फिर भी दिल के पास हैं
हम उनके साथ साथ वो हमारे साथ साथ हैं
उनकी खासियत एक नहीं कई एक गिनादूं
वो मेरे लिए खास हैं हम उनके लिए खास हैं


मेरे ख्यालों पर बस उन्हीं का चलता राज है
उनके राज से ये जिन्दगी का बजता साज है

उनसे ही हमारा
कल था उनसे ही कल होगा
उनकी बदौलत
ही तो फूलता फलता आज है

मैं उसकी सजनी और वो हमारा साजन होगा
उसकी खुश्बू से महकता हमारा आंगन होगा
एक दूजे के प्यार में दिल से हम डूबते जायेंगे
मस्ती में मुस्कराता हुआ हमारा जीवन होगा

रविवार, 5 जून 2011

छोड़कर मुझको इस तरह क्यों चल दिए यार



छोड़कर मुझको इस तरह क्यों चल दिये यार।
कुछ कहा सुना भी नहीं क्यों निकल लिये यार॥

साथ जियेंगे साथ मरेंगे ये अरमान था हमारा
आखिर बात क्या हुई राह क्यों बदल लिये यार॥

कैसे सहूँगा गम तेरी जुदाई का जहाँ में अकेले
मेरी ख्वाहिश को कहो
यूं क्यों मसल दिये यार॥

एक बार तो कहते कि अब तुम से जी भर गया
कहा कुछ किया कुछ ऐसा
क्यों छल किये यार॥

गुरुवार, 2 जून 2011

अंजानो से कभी दिल न लगाना



अंजानो से कभी दिल न लगाना
हो सके तो प्यारे खुदको बचाना

पहले पहले तो ये पास में आयें
पास आके अपना खास बनायें
खास बना के फिर डालें ये दाना
हो सके तो प्यारे खुदको बचाना

झूठी कसमें ये खायें खिलाएँ
जाने क्या क्या ख्वाब दिखाएँ
इनकी बातों में कभी नहीं आना
हो सके तो प्यारे खुदको बचाना

मतलब में बड़े ये शातिर होते
बातों में भी ये बड़े माहिर होते
होता काम इनका अपना बनाना
हो सके तो प्यारे खुदको बचाना